पटना साहिब से पधारे भाई सरबजीत सिंह जी ने गुरबाणी कीर्तन के माध्यम से संगत को नाम सिमरन, सेवा और मानवता का संदेश दिया
नई दिल्ली: सरदार गुरचरण सिंह राजू के जन्मोत्सव के अवसर पर गुरु साहिब की कृपा तथा संगत के आशीर्वाद से गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा, प्रीत विहार में श्रद्धा और भक्ति से परिपूर्ण भव्य शुक्राना कीर्तन समागम का आयोजन हुआ। बड़ी संख्या में संगत ने उपस्थित होकर गुरबाणी कीर्तन का श्रवण किया और गुरु घर से आशीर्वाद प्राप्त किया।
कार्यक्रम की शुरुआत श्री रहरास साहिब के पाठ से हुई। इसके पश्चात हजूरी रागी जत्था द्वारा गुरबाणी कीर्तन प्रस्तुत किया गया। समागम का मुख्य आकर्षण पटना साहिब से पधारे प्रसिद्ध कीर्तनकार भाई सरबजीत सिंह जी का दिव्य कीर्तन रहा, जिन्होंने संगत को गुरु साहिब की शिक्षाओं, नाम सिमरन, सेवा और मानवता के मार्ग पर चलने का संदेश दिया।
इस अवसर पर सरदार गुरचरण सिंह राजू ने कहा कि गुरबाणी कीर्तन जीवन में आध्यात्मिक चेतना, शांति और सेवा भाव का संचार करता है तथा ऐसे आयोजन समाज में भाईचारे, एकता और सद्भाव को मजबूत बनाते हैं। उन्होंने संगत का धन्यवाद करते हुए गुरु साहिब के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की।
कार्यक्रम के समापन पर अरदास के उपरांत गुरु का अटूट लंगर आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
समागम के दौरान संगत, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं गणमान्य नागरिकों ने सरदार गुरचरण सिंह राजू को जन्मदिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। एक्रेडिटेड जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं राष्ट्र टाइम्स के संपादक विजय शंकर चतुर्वेदी ने राजू जी के स्वस्थ, सुखी एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। इस अवसर पर विभिन्न गुरुद्वारों के अध्यक्षों, सचिवों एवं अन्य पदाधिकारियों ने भी उन्हें आशीर्वाद एवं शुभकामनाएं प्रदान कीं। कार्यक्रम श्रद्धा, सेवा और उत्साह के वातावरण में संपन्न हुआ।